जांजगीर-चांपा, 25 अप्रैल 2026 (विशेष रिपोर्ट):– जिले में अवैध रेत उत्खनन और परिवहन के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए संचालनालय भौमिकी एवं खनिकर्म रायपुर की उड़नदस्ता टीम और जिला प्रशासन की संयुक्त टीम ने रातभर छापेमार कार्रवाई की। इस दौरान अवैध खनन में लिप्त 4 चैन मशीन (एक्सकैवेटर) को जब्त कर सील कर दिया गया। यह कार्रवाई 24 अप्रैल की रात से 25 अप्रैल की देर रात तक जिले के बम्हनीडीह, पीथमपुर, हाथनेवरा और केवा नवापारा क्षेत्र के रेत घाटों में की गई। टीम ने औचक निरीक्षण के दौरान पाया कि कई स्थानों पर नियमों को दरकिनार कर खुलेआम रेत का अवैध उत्खनन किया जा रहा था।

कैसे हुआ खुलासा:– सूत्रों के अनुसार, लंबे समय से इन क्षेत्रों में रेत माफियाओं की सक्रियता की शिकायतें मिल रही थीं। प्रशासन को लगातार सूचना मिल रही थी कि रात के अंधेरे में मशीनों के जरिए बड़े पैमाने पर रेत निकाली जा रही है। इसी के आधार पर उड़नदस्ता टीम ने रणनीति बनाकर एक साथ कई घाटों पर दबिश दी।
कहां-कहां हुई कार्रवाई:– ग्राम हाथनेवरा में 2 चैन मशीन जब्त, ग्राम नवापारा क्षेत्र में 2 चैन मशीन जब्त, चारों मशीनों को मौके पर ही सील कर दिया गया और संबंधित प्रकरण दर्ज किए गए हैं।
कानूनी शिकंजा कसा:– प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जब्त मशीनों के खिलाफ खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) अधिनियम, 1957 की धारा 21 से 23(ख) के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी। दोषियों पर जुर्माना और अन्य दंडात्मक कार्यवाही भी तय मानी जा रही है।
रेत माफियाओं में मचा हड़कंप:– अचानक हुई इस बड़ी कार्रवाई से अवैध रेत कारोबारियों में हड़कंप मच गया है। बताया जा रहा है कि कई स्थानों पर मशीन ऑपरेटर मौके से फरार हो गए।
पर्यावरण पर पड़ रहा था असर:– विशेषज्ञों के अनुसार, इस तरह के अवैध उत्खनन से नदियों का संतुलन बिगड़ता है और जलस्तर पर भी गंभीर प्रभाव पड़ता है। स्थानीय ग्रामीणों ने भी लंबे समय से इस पर कार्रवाई की मांग की थी।
प्रशासन का सख्त संदेश:– जिला प्रशासन ने साफ संकेत दिया है कि अवैध खनन किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और आगे भी लगातार इस तरह की कार्रवाई जारी रहेगी।
